श्री देशना संग्रह
"सुप्रभात"
आलेख•20/10/2022•1 मिनट पढ़ने का समय
प्रथम किरण शुभ भोर की,
खींचे प्रभु की ओर ।
कर में जिसके है सदा,
सबकी जीवन-डोर ।।
नव-स्रोत-नूतन-दिशा की,
देता सौग़ात ।
वही सकारात्मक-ऊर्जा का प्रतीक,
बृजेन्द्र सिंह झाला"पुखराज"
कोटा (राजस्थान)

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